रायपुर, 16 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ के राज्य कर (GST) विभाग ने 42 वाणिज्यिक कर निरीक्षकों की भर्ती प्रक्रिया रद्द कर दी है। विभागीय जांच के बाद इन कर्मचारियों को उनके मूल पद पर वापस पदस्थ करने का आदेश जारी किया गया है। राज्य कर आयुक्त पुष्पेंद्र कुमार मीणा के आदेश के बाद यह कार्रवाई की गई है। संभावित न्यायालयीन चुनौती को देखते हुए विभाग ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में कैविएट भी दाखिल की है।
2021 और 2022 की सीमित भर्ती परीक्षा पर उठे थे सवाल
जानकारी के अनुसार, वर्ष 2021 और 2022 में सीमित भर्ती परीक्षा के माध्यम से 42 लिपिकों को वाणिज्यिक कर निरीक्षक के पद पर पदोन्नत किया गया था। इस भर्ती प्रक्रिया को लेकर लंबे समय से शिकायतें सामने आ रही थीं। मामले को लेकर विधानसभा में भी सवाल उठाए गए थे, जिसके बाद विभागीय स्तर पर जांच समिति गठित की गई।
जांच में सामने आईं कई अनियमितताएं
जांच में भर्ती प्रक्रिया से जुड़ी कई अनियमितताओं की जानकारी सामने आई। रिपोर्ट के अनुसार, कुछ अभ्यर्थियों की उत्तर पुस्तिकाओं में एक जैसे उत्तर पाए गए। कुछ उत्तर मॉडल आंसर से भी काफी हद तक मेल खाते थे। इसके अलावा पात्रता और निर्धारित योग्यता से जुड़े नियमों में भी अनियमितता के आरोप सामने आए।
सभी 42 कर्मचारियों को मूल पद पर भेजा गया
जांच के निष्कर्षों के बाद विभाग ने वाणिज्यिक कर निरीक्षक के पद पर हुई पदोन्नतियों को निरस्त कर दिया है। इसके साथ ही सभी 42 कर्मचारियों को उनके मूल पद पर पदस्थ करने का आदेश दिया गया है। विभाग ने संभावित कानूनी कार्रवाई को ध्यान में रखते हुए हाईकोर्ट में कैविएट दाखिल की है, ताकि मामले में किसी न्यायालयीन चुनौती की स्थिति में विभाग का पक्ष भी सुना जा सके